ध्वनि

 

🌟 अध्याय 10 – ध्वनि (Sound)

🟢 अध्याय का सारांश 

  1. ध्वनि क्या है?
    ध्वनि (Sound) किसी वस्तु के कंपन (Vibration) से उत्पन्न होती है। जब कोई वस्तु आगे-पीछे या ऊपर-नीचे हिलती है, तब कंपन पैदा होते हैं, और ये कंपन वायु के माध्यम से हमारे कानों तक पहुँचते हैं।
  2. कंपन से ध्वनि का उत्पन्न होना:
    जब हम ढोलक, गिटार या तानपुरा बजाते हैं, तो उनकी तारें या झिल्ली कंपन करती हैं और ध्वनि पैदा करती हैं।
    ➤ ध्वनि का स्रोत हमेशा कंपन करती हुई वस्तु होती है।
  3. ध्वनि का संचरण (Propagation):
    ध्वनि किसी माध्यम (medium) जैसे — हवा, जल या ठोस — के बिना नहीं चल सकती।
    → निर्वात (vacuum) में ध्वनि नहीं फैल सकती।
  4. मानव में ध्वनि का उत्पन्न होना:
    मनुष्य के गले में स्वर यंत्र (Larynx या Voice box) होता है, जो हवा के निकलने पर कंपन करता है और ध्वनि उत्पन्न करता है।
  5. ध्वनि का श्रवण (Hearing):
    कान का झिल्लीदार भाग कर्णपर्दा (Eardrum) ध्वनि तरंगों से कंपन करता है। यह कंपन अंदर के भागों तक पहुँचता है और अंत में मस्तिष्क को संदेश भेजता है।
  6. ध्वनि की विशेषताएँ:
    • आयाम (Amplitude): ध्वनि की तीव्रता (जोर)।
    • आवृत्ति (Frequency): एक सेकंड में कितनी बार कंपन हुआ।
    • परिमाण (Pitch): ध्वनि की ऊँचाई या नीचाई।
  7. मानव के सुनने की सीमा:
    मनुष्य 20 Hz से 20,000 Hz तक की ध्वनियाँ सुन सकता है।

    • 20 Hz से कम → अधध्वनि (Infrasonic)
    • 20,000 Hz से अधिक → अधिलौकिक (Ultrasonic)
  8. ध्वनि प्रदूषण (Noise Pollution):
    जब ध्वनियाँ बहुत तेज़ या अवांछनीय हो जाती हैं तो उसे ध्वनि प्रदूषण कहते हैं।
    यह स्वास्थ्य के लिए हानिकारक है – इससे सुनने की क्षमता कम हो सकती है।

📘 महत्वपूर्ण परिभाषाएँ (Definitions):

शब्दपरिभाषा
कंपन (Vibration)किसी वस्तु का आगे-पीछे हिलना।
ध्वनि (Sound)कंपन से उत्पन्न ऊर्जा जो हमारे कानों तक पहुँचती है।
आवृत्ति (Frequency)प्रति सेकंड कंपन की संख्या (Hz में मापी जाती है)।
आयाम (Amplitude)ध्वनि की ऊँचाई या तीव्रता।
कर्णपर्दा (Eardrum)कान का भाग जो ध्वनि तरंगों से कंपन करता है।
स्वरयंत्र (Larynx)मनुष्य के गले में स्थित भाग जो ध्वनि पैदा करता है।

🟣 लघु उत्तरीय प्रश्न (Short Answer Questions):

  1. ध्वनि कैसे उत्पन्न होती है?
    ध्वनि किसी वस्तु के कंपन करने से उत्पन्न होती है।
  2. ध्वनि का संचरण किसके द्वारा होता है?
    ध्वनि वायु, जल या ठोस माध्यम से संचरित होती है, निर्वात में नहीं।
  3. हमारे कान ध्वनि को कैसे सुनते हैं?
    कान का पर्दा (Eardrum) कंपन करता है और यह कंपन मस्तिष्क तक संदेश भेजता है।
  4. कौन-सी ध्वनियाँ हम नहीं सुन सकते?
    20 Hz से कम और 20,000 Hz से अधिक आवृत्ति की ध्वनियाँ।
  5. ध्वनि प्रदूषण क्या है?
    जब ध्वनि बहुत तेज़ या अप्रिय होती है, तो उसे ध्वनि प्रदूषण कहते हैं।

🔵 दीर्घ उत्तरीय प्रश्न (Long Answer Questions):

  1. ध्वनि का मानव में उत्पन्न होना समझाइए।
    मनुष्य के गले में स्थित स्वरयंत्र (Larynx) में दो आवाज़ की डोरियाँ होती हैं। जब फेफड़ों से हवा बाहर निकलती है, तो ये डोरियाँ कंपन करती हैं और ध्वनि पैदा होती है।
  2. ध्वनि प्रदूषण के हानिकारक प्रभाव लिखिए।
    • नींद न आना
    • सिर दर्द होना
    • सुनने की क्षमता में कमी
    • मानसिक तनाव बढ़ना
  3. ध्वनि प्रदूषण को नियंत्रित करने के उपाय बताइए।
    • हॉर्न, लाउडस्पीकर का सीमित प्रयोग
    • उद्योगों को रिहायशी इलाकों से दूर रखना
    • पेड़-पौधे लगाना
    • आवाज़ रोकने वाले पर्दे या दीवारें बनाना

🧭 बहुविकल्पीय प्रश्न (MCQs):

  1. ध्वनि उत्पन्न होती है —
    (a) स्थिर वस्तु से
    (b) चलती वस्तु से
    (✅) कंपन करती वस्तु से
    (d) उपरोक्त में से कोई नहीं
  2. ध्वनि निर्वात में क्यों नहीं फैलती?
    (✅) क्योंकि वहाँ हवा नहीं होती।
  3. मनुष्य कितनी आवृत्ति की ध्वनि सुन सकता है?
    (✅) 20 Hz से 20,000 Hz तक।
  4. ध्वनि प्रदूषण का प्रमुख स्रोत क्या है?
    (✅) वाहनों का हॉर्न और लाउडस्पीकर।

📙 अतिरिक्त प्रश्न (CBSE Exam Focused):

  1. ध्वनि की तीव्रता को किससे मापा जाता है?
    डेसीबल (dB) में।
  2. किसका रजक झिल्ली कंपन करती है जब ध्वनि कान में पहुँचती है?
    कर्णपर्दा (Eardrum)
  3. लाउडस्पीकर और रेडियो किस प्रकार की ध्वनि उत्पन्न करते हैं?
    श्रव्य ध्वनि (Audible sound)
  4. ध्वनि का स्रोत बदलने पर ध्वनि की ऊँचाई क्यों बदलती है?
    ➤ क्योंकि आवृत्ति (Frequency) बदलती है।

 

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